याचिकाकर्ता के वकील ने कोर्ट को जानकारी दी कि तीन प्रकरणों में इसके पूर्व हाई कोर्ट ने याचिकाकर्ता को अंतरिम राहत प्रदान की है। इसके बाद भी राज्य शासन की जांच एजेंसियों के प्रमुख ने न्यायालयीन आदेशों की अवमानना करते हुए एफआइआर दर्ज कर ली है।

मामले की सुनवाई जस्टिस संजय के अग्रवाल के सिंगल बेंच में हुई । जस्टिस अग्रवाल ने राज्य शासन की जांच एजेंसियों के प्रमुखों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। साथ ही याचिकाकर्ता के विरुद्घ दर्ज एफआइआर के क्रियान्वयन पर रोक लगा दी है।

याचिकाकर्ता को अंतरिम राहत देते हुए कोर्ट ने शासन को हिदायत दी है कि यचिकाकर्ता को अनावश्यक परेशान न किया जाए । प्रकरण की अगली सुनवाई के लिए कोर्ट ने 15 जुलाई की तिथि तय कर दी है।